सड़क बनाने के लिए बिना सोचे-समझे JCB से गिरा दिया हरा-भरा पेड़, सैकड़ों पक्षियों की मौत!

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इंसानों ने सदियों से जीव-जन्तुओं को अपने फ़ायदे के लिए इस्तेमाल किया है। हम इंसान अपनी इच्छाओं को पूरा करने के लिए न जाने कितने जीव-जन्तुओं को मारते आए हैं। पहले जंगल छीनकर उनका आशियाना उजाड़ा और अब पेड़ो को काटकर उनके घर छीन रहे है। ऐसे में पशु-पक्षी जाएं तो जाएं कंहा? इसी वजह से पृथ्वी से असंख्या प्राणी हमेशा के लिए गायब हो गए। और दुख की बात ये है कि हम अभी तक नहीं सुधरे हैं। 

इंसान क्रूरता की हर सीमा पार करते ही जा रहे हैं, कुछ ऐसा ही इंसानो का निर्दयी चेहरा दिखाता एक वीडियो सोशल मीडिया पर जमकर वायरल हुआ पड़ा है। जिसमे एक रोड बनाने को लेकर सड़क किनारे खड़े पेड़ को बिना सोचे समझे JCB  से उखाड़ दिया जाता है, जिसमे कई सारे पक्षियों की मौत हो गई। क्या है पूरा मामला? चलिए हम आपको बताते है। 

इंसान ने हरा-भरा पेड़ काटा, कई परिंदे मर गए!

मीडिया रिपोर्ट के अनुसार, मामला केरल के मलप्पुरम इलाके से जुड़ा बताया जा रहा है। जंहा राष्ट्रीय राजमार्ग बनाने का काम जोरो पर चल रहा है। इसी दौरान यहां के एआर नगर पंचायत के वीके पाडी में एक हरा-भरा पेड़ नजर आया, जिसे बिना सोचे समझे कॉन्ट्रेक्टर ने JCB से गिरबा दिया। पेड़ पर सैंकड़ों परिंदों के घोंसले थे,  कुछ परिंदों ने तो उड़कर अपनी जान बचा ली। जिन परिंदों ने पेड़ की डालियों पर अपने घर बनाए थे, उन्हीं डालियों के नीचे तड़प-तड़प कर मर गए। 

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पेड़ गिरने के बाद सड़क किनारे पक्षियों ने दम तोड़ दिया! Image source: Social Media

दरअसल, सोशल मीडिया पर जो वीडियो वायरल हो रहा है, उसमें देखा जा सकता है कि एक विशाल वृक्ष को गिराया जा रहा है। सबसे दुःख वाली बात ये है कि इस वृक्ष में कई पक्षियों का आशियाना था। वृक्ष गिरते ही कई पक्षी उड़ गए वहीं कई बच्चे सड़क पर गिरकर मर गए। इस वीडियो को देखने के बाद आपकी आँखें नम हो जायेंगी। 


इस वीडियो को आईएफएस अधिकारी प्रवीण कस्वां ने सोशल मीडिया पर शेयर किया है। उन्होंने पोस्ट में लिखा है- “हर किसी को एक घर चाहिए। हम कितने क्रूर हो सकते हैं। जगह अज्ञात है।" उनकी पोस्ट को कुछ ही घंटों में 7000 बार रिट्वीट किया गया है। 44 सैकेंड के इस वीडियो में लोगों ने अपने रिएक्शन दिए हैं। 

लोग बोले- कॉन्ट्रेक्टर के खिलाफ ऐक्शन होना चाहिए!

आपको बता दे, सोशल मीडिया पर वीडियो वायरल होने के बाद कई सारे लोगो ने पेड़ गिराने बाले अधिकारियो और कांट्रेक्टर के खिलाफ गुस्सा जाहिर किया है। उन्होंने कहा है कि यह अपराध है। कॉन्ट्रेक्टर के खिलाफ ऐक्शन होना चाहिए। वंही एक अन्य यूज़र ने कमेंट करते हुए लिखा है- पेड़ को नहीं गिराना चाहिए था, ये पक्षियों का घर है। वो बोल नहीं सकती हैं, मगर बुरा इन्हें भी लगता है। एक अन्य यूज़र ने कमेंट करते हुए लिखा है कि इन पक्षियों के साथ अन्याय हुआ है। 

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Image source: Social Media

आपको बता दे, वीडियो सामने आते ही नेटिज़न्स (सोशल मीडिया पर एक्टिव यूजर्स) उन लोगों से नाराज हैं, जिन्होंने पक्षियों के जीवन पर ध्यान नहीं दिया। इन पक्षियों को बचाने के लिए वैकल्पिक साधन खोजे बिना पेड़ को गिरा दिया। इस मामले को लेकर वन्य जीव प्रेमियों में आक्रोश है। मामला तूल पकड़ सकता है।

वन विभाग ने लिया एक्शन!

आपको बता दे, सोशल मीडिया पर वीडियो वायरल होने के बाद बन विभाग हरकत में आ गया। केरल वन विभाग ने घटना को लेकर वन्यजीव संरक्षण अधिनियम के तहत मामला दर्ज किया है। रिपोर्टों के अनुसार, आधिकारिक मंजूरी के बिना पेड़ को काट दिया गया था। वंही पेड़ जिस जेसीबी मशीन से गिराई गई थी उसके ड्राइवर को गिरफ़्तार कर लिया गया है। कॉन्ट्रैक्टर के खिलाफ़ भी केस दर्ज कर लिया गया है। 

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Image source: Om Manorama

वन विभाग ने कहा कि पक्षियों की मौत की घटना के बाद ठेकेदारों के खिलाफ मामला दर्ज करने का निर्णय लिया गया है। वन विभाग के अनुसार ठेकेदार ने इस सख्त निर्देश का भी उल्लंघन किया है कि अंडे सेने के बाद ही पेड़ों को काटा जाना चाहिए, ताकि चूजे उड़ सकें। तिरुरंगाडी के वीके पाडी क्षेत्र में लगे इस विशाल पेड़ को गिराने के लिए जेसीबी मशीन बुलाई गई थी। मालूम चला कि संबंधित अधिकारियों की परमिशन के बगैर ये पेड़ काटा जा रहा था।


केरल के फ़ॉरेस्ट मिनिस्टर, ए के ससींद्रन ने कड़ी कार्रवाई करने का आश्वासन दिया है। वन मंत्री एके ससींद्रन ने घटना को क्रूर बताते हुए कहा कि यह उनके विभाग की अनुमति के बिना किया गया था। उन्होंने कहा कि वन विभाग की ओर से सख्त दिशा-निर्देश हैं कि पक्षियों और घोंसलों वाले पेड़ों को तब तक नहीं काटा जाना चाहिए जब तक वे चले नहीं जाते।


आपको बता दे, इस इमली के पेड़ पर Whistling Ducks ने घर बनाए थे। इसके अलावा पेड़ पर इंडियन वाइल्डलाइफ़ एक्ट के कैटगरी IV में सूचित Cormorant नामक पक्षी के भी घोंसले थे। 

बर्ड वॉचर्स ने क्या कहा?

News 9 Live के लेख के अनुसार बर्ड वॉचर्स ने बताया कि बीते कुछ हफ़्तों में ये चौथी घटना है। थ्रीसूर के बर्ड वॉटर मनोज ने कहा, 'ये पहली घटना नहीं है। ये परिंदे नेस्टिंग सीज़न के बाद उड़ जाते हैं। दुख की बात है कि परिंदों का एक पूरा वंश खत्म हो गया। सरकार को इन मूक पक्षियों की तरफ ध्यान देना चाहिए, और क्रूरता करने बाले अधिकारियो के प्रति कार्यबाही सुनिश्चित करना चाहिए।